अखिल भारतीय कायस्थ महासभा का कवि सम्मेलन सम्पन्न
श्रोताओं ने जी भर कर उठाया आनंद
इंदौर। अखिल भारतीय कायस्थ महासभा शखा इंदोर ने 18 दिसम्बर 2021 शनीवार को प्रीतमलाल सभागृह इन्दौर में एक अखिल भारतीय स्तर का कवि सम्मेलन वयोवृद्ध कवि श्री राकेश वर्मा हैरत की अध्यक्षता तथा कवि-सम्मेलन के संयोजक सुरेश अजनबी के सफल संचालन में सम्पन्न हुआ।इस कवि -सम्मेलन में अध्यक्षता कर रहे राकेश वर्मा हैरत के अलावा भोपाल की ही गीतकार नम्रता श्रीवास्तव, व्यंगकार सतीश सागर उज्जैन, डॉ.मुकेश अनुरागी शिवपुरी, प्रेक्षा सक्सेना भोपाल, डॉ.सुरेन्द्र नारायण सक्सेना झांसी, वंदना अर्गल देवास, इन्दौर से माधुरी निगम, अतुल अलंकार के साथ अन्य अनेक स्थानीय कवियों ने भी अपनी श्रेष्ठ रचनाओं का पाठ किया।
प्रारम्भ में ज्ञान की देवी सरस्वती और कुल देवता चित्रगुप्त के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन व पुष्पहार अर्पण के बाद सरस्वती वंदना का गायन हुआ। प्रदेश महामंत्री रतनेश श्रीवास्तव, प्रदेश महिला अध्यक्ष श्रीमती वीना सक्सेना, जिला अध्यक्ष सुरेश सक्सेना, सचिव नीतेश सक्सेना, जिला इकाई की महिला अध्यक्ष श्रीमती सत्या श्रीवास्तव, सचिव श्रीमती कामना श्रीवास्तव आदि अन्य जिला पदाधिकारियों ने आगन्तुक कवियों का पुष्पहार से स्वागत किया और शाल,श्रीफल तथा प्रतीक चिन्ह के द्वारा सम्मानित भी किया। इस अवसर पर अपने विचार रखते हुए कवि सम्मेलन के सह संयोजक अरुण अपेक्षित ने कहा कि कायस्थ का शब्दिक अर्थ है काया में स्थित। सम्पूर्ण संसार में कायास्थ समाज को उसके उत्थान, प्रगति व विकास के लिए आत्मा की तरह स्थित हो कर काम करना चाहिए। संसार की सम्पूर्ण चेतना, जाग्रति और प्रगति का प्रतीक बन कर। आयोजन में कायस्थ समाज के अन्य अनेक महत्वपूर्ण व्यक्तित्वों का भी उनके समग्र व सम्पूर्ण सामाजिक उत्थान के लिए दिये गये योगदान के लिए सम्मान किया गया। संध्या सात बजे प्रारम्भ हुया यह आयोजन रात्रि 11 बजे के लगभग आभार प्रदर्शन के साथ अपनी पूर्णता पर पहुंचा। कायस्थ महासभा द्वारा प्रथम बार आयोजि इस कवि-सम्मेलन की सफलता का सम्पूर्ण श्रेय स्थानीय कार्यकारणी और पदाधिकारियों को जाता है।

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