दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान, ग्वालियर द्वारा दिव्यता का प्रसार और भक्तों के बीच भक्ति उत्साह बढ़ाने हेतु गुरुदेव श्री आशुतोष महाराज जी (संस्थापक एवं संचालक, डीजेजेएस) के पवित्र मार्गदर्शन में 15 मई 2022 को आदित्यपुरम स्थित आश्रम में भव्य मासिक आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। वैदिक मंत्रोच्चार, मार्मिक व प्रेरणादायक प्रवचनों और मंत्रमुग्ध कर देने वाली भक्ति रचनाओं ने वातावरण को दिव्यता से स्पंदित किया। इस आयोजन में भारी संख्या में अनुयायियों और भक्तों की उपस्थिति रही।
श्री आशुतोष महाराज जी की प्रचारक शिष्या साध्वी मदालसा भारती जी ने जीवन के शाश्वत सिद्धांत के महत्व पर उत्कृष्ट रूप से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि मनुष्य तन चौरासी लाख योनियों को भोगने के बाद मिला हैं और जीवात्मा केवल मनुष्य शरीर में ही प्रभु को मिल सकती हैं l परन्तु गुरु की कृपा के बिना कोई भी ईश्वर के दर्शन नहीं कर सकता l इसलिए गुरु की शरण प्राप्त करके ही यह जीव ईश्वर दर्शन कर मनुष्य होने का लाभ उठा सकता हैं l गोस्वामी तुलसीदास जी श्रीरामचरित्रमानस में कहते हैं 'गुरु बिनु भव निधि तरई न कोई l जौं बिरंचि संकर सम होई ll अर्थात गुरु के बिना कोई भी भवसागर को पार नहीं कर सकता, चाहे वह ब्रह्मा जी और शिव जी के समान भी क्यों न हो l परमात्मा की भक्ति संत महापुरुष की कृपा के द्वारा ही प्राप्त हो सकती हैं l इसलिए अपने जीवन को भक्ति में लगाएं l जीवन में कभी भी ऐसा क्षण न हो जब हमें प्रभु की याद न रहे l
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित श्रद्धालुओं ने सामूहिक ध्यान कर मानव कल्याण एवं विश्व शांति के लिए प्रार्थना की l कार्यक्रम का समापन भंडारे के साथ हुआ l

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