तमिलनाडु एसबीआई बैंक की 'नकली' शाखा चलाने के आरोप में तीन गिरफ्तार
डुप्लीकेट शाखा तब पकड़ में आई जब एसबीआई के एक ग्राहक ने शहर की मौजूदा शाखा के प्रबंधक से नार्थ बाजार में नई खुली शाखा के बारे में पूछताछ की। तमिलनाडु पुलिस ने कुड्डालोर जिले के पनरुती में भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की नकली शाखा चलाने के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, एसबीआई के एक पूर्व कर्मचारी का बेटा कमल बाबू (19) अपने संपर्कों के माध्यम से शाखा स्थापित करने के लिए कंप्यूटर, लॉकर, चालान और जाली दस्तावेज सहित अन्य सामान लेकर आया था। पनरुति बाजार शाखा के नाम से एक वेबसाइट भी बनाई गई थी। बाबू ने ए कुमार (42), एम मनिकम (52) के साथ अप्रैल में तालाबंदी के बीच शाखा खोली थी, इस धारणा के साथ कि वे पकड़े नहीं जाएंगे।
हालांकि, शाखा उस समय निशाने पर आ गई जब एक एसबीआई ग्राहक ने शहर में मौजूदा शाखा के प्रबंधक के साथ उत्तरी बाजार में नई खुली शाखा के बारे में पूछताछ की।
ग्राहकों में से एक ने नकली शाखा से प्राप्त रसीद दिखाई जिसके बाद, प्रबंधक और अन्य अधिकारियों ने नकली शाखा का दौरा किया तो वे सभी आवश्यक वस्तुओं के साथ एक ओरिजनल बैंक शाखा की तरह नकली बैंक का सेटअप देखकर हक्के बक्के रह गए। उन्होंने पनरुती पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जिसके बाद तीनों को भारतीय दंड संहिता की धारा 473, 469, 484, 109 के तहत गिरफ्तार किया गया। पनूरती इंस्पेक्टर अम्बेडकर ने बताया कि बाबू ने अपने शुरुआती सालों में सभी बैंक के संचालन सीख लिए थे इसलिए, एक नकली शाखा खोलने का प्रयास किया लेकिन पुलिस ने पकड़ लिया।
बिहार में पकड़ा नकली थाना
बिहार में फर्जी पुलिसवाले तो कई बार पकड़े जाते रहे हैं, पर इस बार ‘बांका’ में पूरा का पूरा एक थाना ही फर्जी पाया गया है। इस फर्जी थाना में महिला दरोगा की देख रेख में जमकर वसूली होती थी। 500 की दिहाडी पर नकली पुलिस वाले रखे गए थे। जब थाना पकड़ा गया तो लोग सरकार से जोड़ने लगे लेकिन लोगों ने कहा एक दिन में नहीं पिछले कई महीनों से ये नकली थाना चलाया जा रहा था तब सरकार का गठबंधन आरोप लगाने वालों से ही था।

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