ये घटना शनिवार रात करीब 10 बजे की है। इसका वीडियो रविवार को सामने आया है। वीडियो में दिख रहा है कि
परिणीता (23) नाम की युवती मंच पर मिक्स्ड सॉन्ग पर डांस कर रही है। इसी दौरान 'लहरा के बलखा के..' गाना बजता है। युवती इस गाने पर डांस स्टेप करती है। तभी अचानक खड़े-खड़े ही मुंह के बल मंच पर गिर जाती है।
आशंका है कि डांस करते समय ही उसे हार्ट अटैक आ गया, जिससे उसकी स्टेज पर ही गिरकर मौत हो गई। शनिवार रात 9 बजे महिला संगीत का कार्यक्रम शुरू हुआ था। करीब 10 बजे परिणीता डांस करते करते गिरी। शादी में मौजूद डॉक्टरों (रिश्तेदार) ने उसे सीपीआर देने की कोशिश की, लेकिन फिर भी कोई हलचल नहीं हुई। जिसके बाद तत्काल विदिशा के ही एक प्राइवेट अस्पताल ले गए। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिणीता की मौत के बाद रात के समय साधारण तरह से शादी वाले जोड़े के फेरे हुए। रविवार को होने वाले सारे कार्यक्रम निरस्त कर दिए गए। विदिशा में सारे रिश्तेदार होने के कारण उसका यहीं पर अंतिम संस्कार किया गया। परिणीता के पिता का नाम सुरेंद्र कुमार जैन और माता का बिंदू जैन है। पिता स्वस्तिका इन्वेस्टमेंट कंपनी में विजयनगर एरिया के ब्रांच हेड हैं। इंदौर के साउथ तुकोगंज इलाके में उनका घर है। परिणिता का एक छोटा भाई था, जिसकी 12 साल की उम्र में साइकिल चलाते समय हार्ट अटैक से मौत हो गई थी।
दुल्हन, परिणीता के मामा की लड़की विदिशा में जैन परिवार के दो चचेरे भाइयों की शादी हो रही थी। शादी समारोह में वर और वधु पक्ष के लोग एकत्रित हुए थे। एक वधु पक्ष के लोग गुना के आरोन जबकि दूसरे राधौगढ़ से आए थे, परिणीता राघौगढ़ पक्ष की ओर से आई थी। दुल्हन परिणीता के मामा की लड़की है।
एक महीने से डांस की तैयारी कर रही थी परिणीता को घर में लोग मौनी कहकर बुलाते थे। उसने एमबीए किया था और वह प्राइवेट जॉब करती थी। बताया गया कि उसे डांस करने का शौक था। शादी के लिए वह एक महीने से डांस की तैयारी कर रही थी। उनसे शादी के हिसाब से खरीदारी भी की थी। वह 3 फरवरी को राघौगढ़ पहुंची थी।
अतिशय क्षेत्र शीतलधाम के अध्यक्ष सचिन जैन ने बताया कि विदिशा के वरिष्ठ व्यापारी राजकुमार राजीव जैन जी के यहां विवाह का कार्यक्रम था। परिणीता राधौगढ़ से आए लड़की पक्ष में शामिल थी। वह इंदौर की रहने वाली थी, बहुत होनहार बिटिया थी। वह इस शादी की एक महीने से तैयारी कर रही थी। उन्होंने कहा कि हमें ऐसा लगता है कि वहां जो शोर गुल था, डीजे की आवाज थी, केमिकल का धुंआ था, उसका प्रभाव हादसे की वजह हो सकता है।
सचिन जैन ने कहा कि इस घटना से सबक लेकर अब हम हमारे यहां होने वाली शादी समारोह व अन्य कार्यक्रमों में फुल आवाज में बजते डीजे, धुंआ और फटाखों का उपयोग नहीं करेंगे। समाजजनों से भी ऐसा करने की अपील की। उन्होंने कहा कि ये सारी चीजें हमारे स्वास्थ्य लिए हानिकारक है। हमें अपनी पुरानी सभ्यता पर लौटना होगा।

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